हाउस ऑफ लॉर्ड्स में वंशानुगत पीयर्स की सदस्यता का अंत: ब्रिटिश लोकतंत्र के विकास का एक निर्णायक अध्याय ब्रिटेन की संसदीय परंपरा विश्व की सबसे पुरानी और स्थायी लोकतांत्रिक व्यवस्थाओं में से एक मानी जाती है। किंतु इस गौरवपूर्ण परंपरा के भीतर कुछ ऐसे तत्व भी रहे हैं जो आधुनिक लोकतांत्रिक मूल्यों के साथ लंबे समय से असंगत माने जाते रहे हैं। इनमें सबसे प्रमुख था हाउस ऑफ लॉर्ड्स में वंशानुगत पीयर्स (Hereditary Peers) की सदस्यता—एक ऐसी व्यवस्था जिसके अंतर्गत कुलीन परिवारों के सदस्य केवल अपने जन्म के आधार पर संसद के ऊपरी सदन में स्थान प्राप्त करते थे। मार्च 2026 में ब्रिटिश संसद द्वारा पारित Hereditary Peers Bill इस व्यवस्था को समाप्त करने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है। इसके साथ ही सदियों से चली आ रही वह परंपरा समाप्त हो जाएगी जिसके अंतर्गत राजनीतिक शक्ति का एक हिस्सा जन्माधिकार से निर्धारित होता था। यह सुधार न केवल एक संस्थागत परिवर्तन है, बल्कि ब्रिटिश लोकतंत्र के क्रमिक आधुनिकीकरण की उस दीर्घकालिक प्रक्रिया का हिस्सा है जिसमें सामंती विरासतों को धीरे-धीरे लोकतांत्रिक सिद्धांतों के अनुरू...
विकसित भारत युवा नेतृत्व संवाद 2026: युवाओं की शक्ति से भारत का उज्ज्वल भविष्य भारत आज केवल जनसंख्या के आकार से नहीं, बल्कि अपनी युवा ऊर्जा से पहचाना जाता है। देश की लगभग 65 प्रतिशत आबादी 35 वर्ष से कम आयु की है। यही युवा भारत की सबसे बड़ी पूंजी हैं। इसी शक्ति को राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ने के उद्देश्य से भारत सरकार ने विकसित भारत युवा नेतृत्व संवाद (Viksit Bharat Young Leaders Dialogue – VBYLD) 2026 का आयोजन किया। यह संवाद “विकसित भारत@2047” के स्वप्न को साकार करने की दिशा में युवाओं को नेतृत्व, नवाचार और नीति-निर्माण से जोड़ने का एक ऐतिहासिक प्रयास है। संवाद का उद्देश्य और स्वरूप 9 से 12 जनवरी 2026 तक नई दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित यह कार्यक्रम राष्ट्रीय युवा महोत्सव का हिस्सा है, जिसका समापन 12 जनवरी को स्वामी विवेकानंद की जयंती, यानी राष्ट्रीय युवा दिवस पर होता है। इस संवाद की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि इसमें देश के कोने-कोने से लाखों युवाओं ने भाग लिया। विभिन्न चरणों में लगभग 50 लाख युवाओं की भागीदारी के बाद करीब 3,000 युवा अंतिम चरण के लिए चुने गए। इस पहल की ...