अमेरिका-इज़राइल द्वारा ईरान पर हमला: परमाणु निरोध की दोहरी नैतिकता और विश्व व्यवस्था की परीक्षा (विश्लेषणात्मक एडिटोरियल लेख) प्रस्तावना: युद्ध, शक्ति और नैतिकता का टकराव फरवरी–मार्च 2026 में पश्चिम एशिया एक बार फिर वैश्विक भू-राजनीति का सबसे संवेदनशील युद्धक्षेत्र बन गया है। अमेरिका और इज़राइल द्वारा ईरान के विरुद्ध शुरू किया गया संयुक्त सैन्य अभियान केवल एक क्षेत्रीय सैन्य कार्रवाई नहीं है, बल्कि यह अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था, परमाणु अप्रसार व्यवस्था और शक्ति-राजनीति के नैतिक आधारों पर गंभीर प्रश्न खड़े करता है। अमेरिकी प्रशासन इस अभियान को “पूर्वनिवारक हमला” (pre-emptive strike) के रूप में प्रस्तुत कर रहा है, जिसका उद्देश्य ईरान के संभावित परमाणु कार्यक्रम और उसकी बैलिस्टिक मिसाइल क्षमता को रोकना बताया जा रहा है। किंतु इस तर्क के साथ ही एक गहरी विडंबना भी जुड़ी हुई है—वे राज्य जो स्वयं परमाणु हथियारों से लैस हैं, वही एक ऐसे राज्य के विरुद्ध युद्ध छेड़ रहे हैं जिसके पास अभी तक परमाणु हथियार होने का निर्णायक प्रमाण नहीं है। यही वह बिंदु है जहाँ परमाणु निरोध (nuclear deterrence) और पर...
Trump’s First Major Move Against Russia: Sanctions on Lukoil and Rosneft, 25% Oil Tariff on India amid Ukraine War
यह लेख अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की दूसरी पारी में रूस पर लगाए गए पहले यूक्रेन-संबंधी प्रतिबंधों का गहन, संतुलित और मौलिक विश्लेषण प्रस्तुत करता है, जिसमें ऊर्जा सुरक्षा, वैश्विक भू-राजनीति और भारत की स्थिति के बहुआयामी निहितार्थों पर प्रकाश डाला गया है। अमेरिकी प्रतिबंध: ट्रंप की दूसरी पारी में रूस पर पहला यूक्रेन-संबंधी कदम, लुकोइल और रोसनेफ्ट पर निशाना परिचय 22 अक्टूबर 2025 को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी दूसरी कार्यकाल की सबसे बड़ी विदेश नीति घोषणा करते हुए रूस की दो प्रमुख तेल कंपनियों— लुकोइल और रोसनेफ्ट —पर कड़े आर्थिक प्रतिबंध लगाए। यह कदम यूक्रेन युद्ध (फरवरी 2022 से जारी) पर पुतिन की “अड़ियल नीति” के जवाब में उठाया गया है। अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने इन कंपनियों को “क्रेमलिन की युद्ध मशीनरी के प्रमुख वित्त पोषक” बताया, जबकि ट्रंप ने भारत से आने वाले रूसी तेल पर 25% टैरिफ लगाने की घोषणा कर वैश्विक ऊर्जा राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी। यह लेख प्रतिबंधों की संरचना, कारणों, संभावित प्रभावों तथा ऊर्जा सुरक्षा पर उनके व्यापक निहितार्थों का विश्लेषण करता है।...