राजनीति शास्त्र (Polity & Political Science) की तैयारी को बनाएं आसान और सटीक! क्या आप UPSC, State PCS, UGC NET, PGT या अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं? सही मार्गदर्शन और बेहतरीन स्टडी मटेरियल के लिए विजिट करें: 🌐 www.politypoint.com Polity Point ही क्यों चुनें? विस्तृत एवं सरल नोट्स: भारतीय संविधान, राजव्यवस्था और राजनीतिक सिद्धांत की आसान भाषा में समझ। परीक्षा-उन्मुख सामग्री: पिछले वर्षों के प्रश्नों (PYQs) का विश्लेषण और ट्रेंड के अनुसार स्टडी मटेरियल। क्विज़ और टेस्ट सीरीज़: अपनी तैयारी का सही आकलन करने के लिए नियमित अभ्यास प्रश्न। करंट अफेयर्स से जुड़ाव: राजव्यवस्था से जुड़े राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रमों का सटीक कवरेज। 🎯 आज ही अपनी सफलता की नींव रखें! अभ्यास शुरू करने और अपनी तैयारी को अगली स्तर पर ले जाने के लिए अभी वेबसाइट पर जाएँ: 👉 www.politypoint.com (स्मार्ट स्टडी करें, सफलता हासिल करें!)
🌿 “मधव नेशनल पार्क में भैरिया जनजाति संघर्ष: वन अधिकार बनाम धार्मिक अतिक्रमण” प्रस्तावना भारत के जंगल सिर्फ हरियाली का प्रतीक नहीं हैं — वे इतिहास, संस्कृति और आजीविका की जीवित धरोहर हैं। लेकिन जब संरक्षण, धर्म और विकास की तीनों धाराएँ एक साथ टकराती हैं, तो अक्सर सबसे कमजोर आवाजें ही दब जाती हैं। मध्य प्रदेश के शिवपुरी जिले में फैला मा धव नेशनल पार्क भी आज ऐसी ही त्रासदी का गवाह है, जहां एक ओर "आध्यात्मिक विस्तार" का दावा करने वाला आश्रम है, तो दूसरी ओर अपने वैधानिक वन अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष करती भैरिया जनजाति । 2017 से चल रहा यह विवाद सिर्फ भूमि या पर्यावरण का प्रश्न नहीं रहा — यह अब आदिवासी स्वायत्तता, धार्मिक प्रभाव और राज्य की निष्क्रियता के बीच खिंची एक गहरी रेखा बन चुका है। ऐतिहासिक पृष्ठभूमि: जब “आस्था” ने पार किया जंगल की सीमा 1980 के दशक में स्थापित श्री परमहंस आश्रम प्रारंभ में एक साधारण आध्यात्मिक केंद्र था। लेकिन वर्षों में इसका दायरा 50 एकड़ से अधिक तक फैल गया। 2017 में स्थानीय पर्यावरण कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि आश्रम ने बिना वैध अनुमति क...